कोयल बोली दुनिया डोली - लता मंगेशकर - मोहम्मद रफ़ी
कोयल बोली दुनिया डोली
कोयल बोली दुनिया डोली
समझो दिल की बोली
हो ओ ओ
कोयल बोली दुनिया डोली
समझो दिल की बोली
दिल दुनिया में फ़र्क है कितना
तू है कितनी भोली हो
कोयल बोली दुनिया डोली
समझो दिल की बोली
इस दिल के धोखे में रहलो
कुछ भी सुनलो कुछ भी कहलो
इस दिल के धोखे में रहलो
कुछ भी सुनलो कुछ भी कहलो
रंग बिना ना खेली जाये
इस जीवन की होली
कोयल बोली दुनिया डोली
समझो दिल की बोली
ऊपर अंबर नीचे जमीं है
इतना बड़ा घर कोई नहीं है
ऊपर अंबर नीचे जमीं है
इतना बड़ा घर कोई नहीं है
फूल पवन तो जल पंछी ये
सब अपने हमजोली हो ओ ओ
कोयल बोली दुनिया डोली
समझो दिल की बोली
देखो हँस दो दिल ना तोड़ो
मैं खुश हूं तुम मेरा
साथ ना छोड़ो
देखो हँस दो दिल ना तोड़ो
मैं खुश हूं तुम मेरा
साथ ना छोड़ो
तेरा साथ मैं छोड़ूंगा
पर भेज के तेरी डोली
कोयल बोली दुनिया डोली
कोयल बोली दुनिया डोली
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